Best Viewed in Mozilla Firefox, Google Chrome

ड्वार्फ रोग के लक्षण

PrintPrintSend to friendSend to friend

ड्वार्फ रोग के लक्षणों में शामिल हैं: 

1. पौधे की वृद्धि बाधित होना तथा पत्तियों पर क्लोरोटिक या गेहुंए रंग की चित्ती।  

2. चित्तियां पत्रावरण पर भी दिखाई पड़ती हैं। कभी-कभी दूरस्थ हिस्से पर तथा पुरानी संक्रमित पत्तियों पर पीलापन भी उभर आता है। 

3. संक्रमित पुरानी पत्तियां क्षीण टिलर्स का निर्माण करती हैं। 

4. आरंभिक अवस्था में संक्रमण उत्पन्न होने पर टिलर्स की संख्या कम हो जाती है। 

5. जड़ों की वृद्धि भी कम हो जाती है तथा जड़े क्षैतिज रूप से फैलने लगती है। 

6. हेड के निर्मित होने पर काफी कमजोर तथा छोटे दाने निकलते हैं, जो पूरी तरह से भरे नहीं होते। 

 

File Courtesy: 
“राइस”- लेखक जटा एस. नंदा तथा पवन के. अग्रवाल, कल्यानी प्रकाशन. पृष्ठ संख्या.214.
Copy rights | Disclaimer | RKMP Policies