Best Viewed in Mozilla Firefox, Google Chrome

Stage 4 - Panicle initiation to booting of rice plant अवस्था 4- पुष्पगुच्छ के निकलने से लेकर चावल के पौधे की बूटिंग तक की अवस्था

PrintPrintSend to friendSend to friend

1. पुष्पगुच्छ का विकास और उसकी वृद्धि ग्रीवा पर्व के विभेदन से आरंभ होता है।
2. प्रथम पुष्पगुच्छ के निकलने की शुरुआत हेडिंग के 30 दिन पहले शुरू होता है जो जननीय अवस्था के आरंभ होने का संकेत है। अपने निकलने के 7-10 दिनों बाद प्रथम पुष्पगुच्छ हमारी आंखों द्वारा देखे जाने योग्य होता है। इस अवस्था में, पुष्पगुच्छ के निकलने से पहले 3 पत्तियां भी निकलती हैं।
3. पुष्पगुच्छ के निकलने की अवधि 27 से लेकर 46 दिनों तक की होती है।
4. पुष्पगुच्छ 1.0-1.5 मिमि लंबे सफेद पक्षयुक्त शंकु के रूप में दिखाई पड़ता है। पहले यह मुख्य नाल में प्रकट होता है, तब असमान पैटर्न के साथ कल्लों में। तने को चीर कर इसे देखा जा सकता है।
5. पुष्पगुच्छ के लगातार बढ़ते रहने से शूकिकाएं सुस्पष्ट हो जाती हैं।
6. नया पुष्पगुच्छ आकार में बढ़ता है और ध्वज पत्रक(flag leaf) के कोष के अन्दर इसकी ऊपर की ओर वृद्धि के कारण पत्रकोष में उभार आ जाता है।
7. बूटिंग सबसे पहले मुख्य नाल में होता है। बूटिंग होने पर पत्तों की जरायुता(senescence) और फलहीन कल्ले पौधे के आधार भाग में दिखाई पड़ते हैं।

File Courtesy: 
RARS, करजत
Image Courtesy: 
RARS, करजत
Copy rights | Disclaimer | RKMP Policies