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खर-पतवारनाशियों के प्रयोग का समय

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1. ऐसे क्षेत्रों में जहां वर्षा का अनुमान लगाना कठिन हो या  खर-पतवारनाशी वाष्पशील हो अथव तीव्र प्रकाश-अपघटन होने वाला हो वहां पौध-पूर्व के इस्तेमाल में रोपण से पहले मौजूदा वनस्पतियों पर पत्र छिड़काव किया जाता है या उन्हें मिट्टी में डाला जाता है।

2. पश्च-पौध इस्तेमाल में  a) रोपण के बाद मिट्टी में तथा फ़सल अथवा खर-पतवार के उगने से पहले (उदय पूर्व) डाला जाता है या  b) खर-पतवार या फ़सल के पौध में डाला जाता है, जो पत्र छिड़काव द्वारा या जल में मिलाकर (उदय पश्चात) डाला जाता है।  

3. इस्तेमाल के बाद या उसके दौरान खर-पतवारनाशियों की गतिविधि एक पर्यावरणीय चिंता होती है, इसका हमेशा ध्यान रखना चाहिए। जलीय या गैसीय अवस्था वाले खर-पतवारनाशियों के बहाव से पास के फ़सल पर होने वाले लक्षणों या उनके जख्मों को रोकने के लिए सही इस्तेमाल विधियों का प्रयोग करना चाहिए।  

 

File Courtesy: 
चावल में खर-पतवार प्रबंधन, DRR ट्रैनिंग मैनुअल
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